गिरवी शेयरों की बिक्री पर गौर करेगा सेबी

गिरवी शेयरों की बिक्री पर गौर करेगा सेबी

नई दिल्ली। भारतीय प्रतिभूति एवं विनिमय बोर्ड (सेबी) अनिल अंबानी की अगुवाई वाली रिलायंस समूह की तीन सूचीबद्ध कंपनियों के गिरवी रखे शेयरों की दो ऋणदाताओं द्वारा बिक्री के मामले में आरोप-प्रत्यारोपों पर गौर करेगा। रिलायंस समूह ने आरोप लगाया है कि एलएंडटी फाइनेंस और एडलवाइस समूह की इकाइयों ने गिरवी रखे शेयरों के मामले में गैरकानूनी तरीके तथा किसी मंशा से कदम उठाते हुए उनकी बिक्री खुले बाजार के जरिये की, जिससे कंपनी के शेयर मूल्य में भारी गिरावट आई। हालांकि, एलएंडटी फाइनेंस और एडलवाइस दोनों ने इन आरोपों को खारिज करते हुए आरोप लगाया कि रिलायंस समूह समय पर भुगतान करने में विफल रहा, जिसकी वजह से उन्हें यह कदम उठाना पड़ा। अधिकारियों ने बताया कि नियामक ने एक्सचेंजों से इन शेयरों की बिक्री का ब्योरा पता लगाने तथा संबंधित इकाइयों से स्पष्टीकरण लेने को कहा है। रिलायंस पॉवर इस मामले में सेबी को पहले ही लिखकर जांच कराने की मांग कर चुकी है। उसका कहना है कि बाजार मूल्य से कम पर शेयर बेचने वाली इकाइयों को इससे रोका जाए और गहराई से इसकी जांच कराई जाए। इसी तरह की शिकायतें रिलायंस कैपिटल और रिलायंस इन्फ्रास्ट्रक्चर की ओर भी दायर किए जाने की संभावना है। इस बारे में संपर्क करने रिलायंस समूह के प्रवक्ता ने कहा, समूह की विभिन्न कंपनियों द्वारा तय किया गया है कि वे अपने अंशधारकों के हितों के संरक्षण और उनके लिए मूल्यवर्धन को लेकर सभी जरूरी कानूनी कदम उठाएंगी। इस मामले को उचित नियामकीय मंच पर भी उठाया जाएगा। इससे पहले शनिवार को तीनों सूचीबद्ध कंपनियों, रिलायंस पॉवर, रिलायंस इन्फ्रा और रिलायंस कैपिटल के निदेशक मंडल ने शेयरधारकों के मूल्य के संरक्षण को सभी उचित कानूनी कदम उठाने की मंजूरी दी थी।