साल भर में कंडम हो गए 78 लाख रुपए के 400 रिक्शे

साल भर में कंडम हो गए 78 लाख रुपए के 400 रिक्शे

जबलपुर । नगर निगम ने फरवरी 2018 में सफाई व्यवस्था के लिए गलियों से कचरा परिवहन करने 400 साईकिल रिक्शे खरीदे थे। इनकी प्रत्येक की कीमत करीब 20 हजार रुपए थी। कुल कीमत 78 लाख रुपए आई थी। साल भर में ही ये तमाम रिक्शे कबाड़ हो गए हैं। इसका कारण यह है कि ननि प्रशासन इन रिक्शों के सुधार के लिए वर्कशाप नहीं बना पाया। शहर को स्वच्छ और व्यवस्थित कचरा प्रबंधन के लिए स्वच्छता मिशन के तहत लिए गए ये रिक्शे जगह-जगह कंडम हालत में पड़े हुए हैं। जिनका सामान भी धीरे-धीरे गायब होता जा रहा है। इनकी इस हालत तक पहुंचने के पीछे रखरखाव न हो पाना है जिसके सीधे जिम्मेदार सुपरवाइजर हैं,जो इन रिक्शों से कचरा उठवाने का काम करवाते थे। इन रिक्शों के पीछे कचरा रखने के लिए फोल्डिंग लोहे का डिब्बा बनाया गया था इसमें कचराडालते ही यह स्वत: बंद हो जाता था। इसके अलावा कचरा भरने के बाद इसे लॉक करने की भी व्यवस्था थी। कचरा परिवहन के लिए चलाए जाने वाले इस रिक्शे को एक कर्मी चलाकर ले जाता था और गंतव्य तक पहुंचाकर खाली करता था।

फरवरी में हुआ था ठेका

गत वर्ष फरवरी माह में टेंडर प्रक्रिया से इन रिक्शों के लिए निविदा आमंत्रित की गई थी। निविदा में न्यूनतम लागत आने पर 19,500 रुपए प्रति रिक्शे की दर से 400 रिक्शों का ठेका दिया गया था। रिक्शा आने पर इन्हें जरूरत के हिसाब से नगर निगम के 15 जोन कार्यालयों को दिया गया था।

'नहीं बना पाए वर्कशाप

ननि जोन कार्यालय को रिक्शे तो दे दिए गए लेकिन इनके रखरखाव और मरम्मत के लिए जोन कार्यालयों में वर्कशाप नीं बनाया गया है, जिसे इन रिक्शों को नियमित रखरखाव नहीं हो पाया और ये रिक्शे समय से पहले नष्ट होने की कगार तक पहुंच गए।