प्लास्टिक मुक्त स्टेशन बनाने देशभर के 128 रेलवे स्टेशनों पर बॉटल क्रशर मशीनें लगीं, प्रति बोतल 5 रुपए का कूपन मिल रहा

प्लास्टिक मुक्त स्टेशन बनाने देशभर के 128 रेलवे स्टेशनों पर बॉटल क्रशर मशीनें लगीं, प्रति बोतल 5 रुपए का कूपन मिल रहा

नई दिल्ली। जीरो प्लास्टिक की नीति के लिए रेलवे ने स्टेशनों से शुरुआत की है। देश में 128 स्टेशनों पर 166 बॉटल क्रशर लग चुके हैं। इनसे यूज्ड प्लास्टिक बॉटल को स्टेशन से खत्म किया जा रहा है। यात्रियों द्वारा इस्तेमाल की गई बोतल क्रशर में देने पर 5 रुपए का कूपन मिल रहा है। इस कूपन का इस्तेमाल यात्री रेल नीर खरीदने में कर सकते हैं। नई दिल्ली स्टेशन पर ऐसी तीन मशीनें लगाई गई हैं। उम्मीद है कि इस व्यवस्था से रेलवे स्टेशन प्लास्टिक मुक्त हो जाएंगे। रेलवे मंत्रालय के अनुसार प्रथम चरण में 2000 स्टेशनों पर बॉटल क्रशर मशीन लगाने की योजना है। रेलवे बोर्ड ने सभी जोन को 19 अगस्त को एक आदेश भेजा था। इसके बाद 2 सितंबर को एक आदेश जारी कर 16 से 30 सितंबर के बीच स्वच्छता पखवाड़ा चलाने के निर्देश दिए हैं। यह प्लास्टिक मुक्त अभियान से जुड़े हुए हैं। 

बोतलों से टी-शर्ट और टोपी बनेंगी

यात्रियों द्वारा इस्तेमाल प्लास्टिक की बोतलों को मशीन से क्रश किया जाएगा। रेलवे पानी की इन खाली बोतलों को रीसाइकल कर टी-शर्ट और टोपी बना रहा है। पर्यावरण विशेषज्ञों के अनुसार रेलवे के इस कदम से पर्यावरण को काफी फायदा पहुंचेगा। बोतलों से मिलने वाले कूपन का इस्तेमाल भविष्य में खाने-पीने के सामान के लिए भी किया जा सकेगा। 

मीनाक्षी लेखी बोलीं- चुल्लू से पीयें पानी

भाजपा सांसद मीनाक्षी लेखी ने कहा है कि लोगों को चुल्लू से पानी पीना चाहिए और दातून करनी चाहिए। ऐसा करने से प्लास्टिक के इस्तेमाल पर लगाम लगेगी। एनर्जी, ट्रांजिशन, सब्सिडीज ऐंड एयर क्वालिटी मैनेजमेंट विषय पर आयोजित एक कार्यक्रम में लेखी ने कहा हम दूसरों की नकल करने में बहुत ऊर्जा और संसाधनों को वेस्ट कर देते हैं।