एडमिशन की तिथि बढ़ने के बाद भी कॉलेजों में फिल नहीं हो पाई सीटें

एडमिशन की तिथि बढ़ने के बाद भी कॉलेजों में फिल नहीं हो पाई सीटें

जबलपुर ।  उच्च शिक्षा विभाग की ओर से यूजी और पीजी के लिए प्रवेश प्रक्रिया बढ़ाए जाने के बाद भी कॉलेजों में सीटें खाली हैं। स्नातकोत्तर के लिए मंगलवार को अंतिम तिथि थी, वहीं स्नातक स्तर की प्रवेश प्रक्रिया 14 अगस्त तक चलेगी। गौरतलब है कि प्रदेश के कॉलेजों में यूजी के लिए 1.34 लाख से अधिक सीटें आवंटित की गई थीं जिसमें 96,488 छात्र-छात्राओं ने ही अब तक प्रवेश लिया है। अब भी 41 हजार से अधिक सीटें खाली हैं। इस बार ईडब्ल्यूएस को आरक्षण दिए जाने के कारण सीटों की संख्या में 10 फीसदी इजाफा किया गया था। दूसरे राउंट के बाद भी सीटें खाली रहने के चलते अब सीएलसी राउंड पर निगाहें टिकी हैं।

पीजी के लिए 21 हजार सीटें

बताया जाता है कि प्रदेश में 31 हजार सीटें पीजी के लिए आवंटित की गई हैं। दूसरे चरण के लिए करीब 20 हजार सीटें फिल हो पाई हैं। अंतिम दिन मंगलवार को कॉलेजों में देर शाम तक प्रवेश की प्रक्रिया चली।

8 हजार ने कराया रजिस्ट्रेशन

जिले के कॉलेजों में स्नातक स्तर के लिए करीब 8 हजार सीटें थीं, सीटें बढ़ाने के बाद इनकी संख्या 10 हजार हो गई है। पहले चरण की प्रवेश प्रक्रिया के दौरान करीब 4500 सीटों पर आवेदन हुए हैं। जबकि सेकेंड राउंड के बाद आवेदनों की संख्या करीब 8 हजार तक पहुंच गई है। हालांकि वास्तविक स्थिति फीस जमा करने के बाद ही स्पष्ट होगी। इसी तरह पीजी के लिए करीब तीन हजार छात्रों ने सेकेंड राउंड में आवेदन किया है।

सीएलसी चरण की स्थिति

19 अगस्त तक दस्तावेजों का सत्यापन किसी भी शासकीय कॉलेज में कराया जा सकेगा। इस चरण में आवेदकों को केवल प्रदेश के कॉलेजा का विषयवार विकल्प देना अनिवार्य है। इसके लिए 19 अगस्त तक संपर्क किया जा सकता है। 21 अगस्त तक कॉलेजों में प्रवेश सूची जारी होगी। 28 अगस्त तक आवश्यक दस्तावेज जमा किए जा सकते हैं। आवदेकों को आन लाइन पोर्टल से 28 अगस्त तक शुल्क जमा होगा। यदि आरक्षित सीटों के आवेदक नहीं पहुंचते हैं तो अनारक्षित मानते हुए मैरिट के आधार पर 31 अगस्त तक प्रवेश दिया जाएगा। समय सीमा में प्रवेश की जानकारी दर्ज न करने पर संबंधित कॉलेज जिम्मेदार होंगे।