विधानसभा चुनाव में बढ़िया काम करने वालों को मिलेगा नियुक्तियों का तोहफा

विधानसभा चुनाव में बढ़िया काम करने वालों को मिलेगा नियुक्तियों का तोहफा

इंदौर। अब गिरी-तब गिरी’ की अटकलों के बीच प्रदेश की कांग्रेस सरकार ने न सिर्फ छह माह का कार्यकाल पूरा कर लिया, बल्कि अपना पहला बजट भी सफलता पूर्वक जारी कर दिया। लोकसभा चुनाव के तत्काल बाद इस सरकार को मंत्रिमंडल का विस्तार करना था। जिन विधायकों ने सरकार को मंत्री पद की आस में समर्थन दिया, उनकी ताजपोशी का आश्वासन मुख्यमंत्री ने दिया था। बहरहाल, चुनाव में करारी शिकस्त के बाद कांग्रेस संगठन में बनी ऊहापोह की स्थिति के बाद मंत्रिमंडल का विस्तार फिलहाल टल गया पर निगम और मंडल में नियुक्तियों की तैयारी सरकार ने कर ली है। इस संबंध में मुख्यमंत्री की पार्टी के अन्य बड़े नेताओं से एक औपचारिक बात हो चुकी है। राज्य के विभिन्न आयोग, बोर्ड, प्राधिकरणों में नियुक्ति के लिए नेताओं के नामों पर चर्चाओं का दौर भी शुरू हो गया है। आज भोपाल में स्वास्थ्य मंत्री तुलसी सिलावट के निवास पर इसी को लेकर एक अनौपचारिक बैठक भी आयोजित की गई है। इस बैठक में मुख्यमंत्री कमलनाथ और ज्योतिरादित्य सिंधिया भी मौजूद थे। बैठक में नियुक्तियों को लेकर रुपरेखा तैयार करने तथा नए आयोग के गठन पर चर्चा हुई। नई नियुक्तियों को लेकर हलचल शुरू पार्टी के सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक, इस समय विधानसभा सत्र चल रहा है। सत्र समाप्ति के बाद नियुक्तियों को लेकर हलचल शुरू हो जाएगी। संगठन से मिली जानकारी के मुताबिक, अगले साल नगरीय निकायों के चुनाव होने की पूरी संभावना है। इस चुनाव में सरकार पार्टी में उन नेताओं और कार्यकर्ताओं को तोहफा देना चाहती है, जिन्होंने विधानसभा चुनाव में डट कर काम किया था। इसी प्रकार विधानसभा चुनाव में जो टिकिट के दावेदार थे और टिकिट नहीं मिलने से नाराज चल रहे थे, ऐसे नेताओं को भी सरकार मनाएगी।

एल्डरमैन की नियुक्तियों को लेकर स्थिति स्पष्ट नहीं

प्रदेश में केवल नगर निगम में एल्डरमैन की नियुक्ति पिछली सरकार ने की थी, जबकि प्रदेश के विकास प्राधिकरण और निगम मंडल खाली पड़े हैं। जहां तक एल्डरमैन की नियुक्तियां का सवाल है तो उनकी नियुक्तियां नगरीय निकाय चुनाव के बाद होगी, क्योंकि प्रदेश के कई निकायों में पिछली सरकार द्वारा नियुक्त किए गए एल्डरमैन नियुक्त है और अभी निगम परिषद का कार्यकाल पूरा नहीं हुआ है। ऐसे में सरकार चलती परिषद में नई नियुक्ति नहीं कर सकती है।