मालवा-निमाड़: भाजपा के पांच और कांग्रेस के 4नए चेहरों के बीच मुकाबला

मालवा-निमाड़: भाजपा के पांच और कांग्रेस के 4नए चेहरों के बीच मुकाबला

भोपाल ।   मालवा- निमाड़ की आठ सीटों पर शुक्रवार शाम पांच बजे चुनाव प्रचार थम जाएगा। भाजपा और कांग्रेस को इन सीटों पर अपना वजूद बनाने के लिए कड़े संघर्ष के दौर से गुजरना पड़ रहा है। भाजपा को 5 और कांग्रेस को अपने 4 नए चेहरों से काफी उम्मीद है। भाजपा ने तो इसके लिए अपने पांच सांसदों तक के टिकट तक काट दिए हैं, इसमें आठ बार की सांसद सुमित्रा महाजन(ताई)भी शामिल हैं। मप्र में कांग्रेस की सरकार बनने के बाद लोकसभा चुनाव में भाजपा की चिंता बढ़ गई। उसने कोई जोखिम नहीं उठाने के चलते मालवा- निमाड़ की पांच मौजूदा सांसदों की जगह नए चेहरों को मौका दिया। भाजपा ने आठ बार से सांसद सुमित्रा महाजन का टिकट काटकर उनकी जगह शंकर लालवानी का मौका दिया। वे इंदौर विकास प्राधिकरण के अध्यक्ष रहे हैं। लालवानी अपना पहला लोकसभा चुनाव लड़ रहे हैं। उनका मुकाबला कांगे्रस के पंकज सिंघवी से हैं। 2004 के लोकसभा चुनाव में सिंघवी का मुकाबला महाजन से थे, लेकिन वे हार गए थे। इसी तरह देवास से मनोहर ऊंटवाल के विधायक बनने के कारण भाजपा ने उन्हें टिकट नहीं दिया। उनकी जगह डॉ महेंद्र सोलंकी को मैदान में उतारा है। वे राजनीति में एकदम नए चेहरे हैं। वे जज की नौकरी छोड़कर चुनाव लड़ रहे हैं। सोलंकी के मुकाबले कांगे्रस से चुनाव लड़ रहे प्रहलाद टिपणिया भी नए चेहरे हैं। कांग्रेस ने पिछले चुनाव में इस सीट से सज्जन सिंह वर्मा को टिकट दिया था, लेकिन वे हार गए। वर्मा इस समय कमलनाथ सरकार में मंत्री है। भाजपा ने उज्जैन के मौजूदा सांसद चिंतामन मालवीय का टिकट काटकर उनकी जगह नया चेहरा अनिल फिरौजिया को चुनावी मैदान में उतारा है। हालांकि फिरोजिया विधायक रहे हैं और वर्ष 2018 का विधानसभा चुनाव हार चुके हैं, लेकिन भाजपा को उनके नाम से कुछ उम्मीद थी, इसलिए उन्हें चुनाव में उतारा। कांग्रेस ने भी इस सीट से नए चेहरे बाबूलाल मालवीय को टिकट दिया है। हालांकि वे विधायक रहे चुके हैं, लेकिन वे लोकसभा का पहला चुनाव लड़ रहे हैं। भाजपा ने धार से मौजूदा सांसद सावित्री ठाकुर का टिकट काटकर छतरसिंह दरबार को चुनाव मैदान में उतारा। वे एक बार लोकसभा चुनाव लड़ चुके हैं। उनके सामने कांग्रेस ने नया चेहरा दिनेश गिरेवाल का उम्मीदवार बनाया।