सरसों की कटाई शुरू, गेहूं की दस दिन बाद

Mustard harvesting starts, wheat after ten days

सरसों की कटाई शुरू, गेहूं की दस दिन बाद

ग्वालियर। कोरोना की विश्व आपदा के बीच किसानों ने अपने खेत में पकी खड़ी फसल की कटाई का काम शुरू करा दिया है। सरसों की कटाई चल रही है और गेहूं की कटाई ग्वालियर जिले में दस दिन बाद होगी। ग्वालिय-चंबल अंचल में भी फसल कटाई का काम जोरों पर चल रहा है।कृषि मंत्रालय का आदेश बाद में आया । किसानों ने अपने स्तर पर ही फसल की कटाई शुरू करा दी। सरसों की कटाई को करीब दस दिन हो चुके हैं। कृषि विभाग के मुताबिक गेहूं की कटाई दस दिन बाद शुरू होगी क्योंकि इसकी बोवनी लेट हुई थी। कटाई के लिए कृषि मंत्रालय की ओर से हार्वेस्टर चलाने के लिए दो से पांच मजदूरों की अनुमति दी गई है। गांव में ही हार्वेस्टर के लिए जरूरी सामान, आॅयल की दुकान खोलने के लिए भी अनुमति दी गई है। ग्वालियर : जिले में गेहूं की बोवनी 1 लाख 26 हजार हेक्टेयर में हुई है। जबकि सरसों 13 हजार हेक्टेयर में बोई गई है। चना की फसल यहां 17 हजार हेक्टेयर में हैं। शिवपुरी : यहां 3 लाख 81 हजार हेक्टेयर में गेहूं, 80 हजार हेक्टेयर में चना और 30 हजार हेक्टेयर में सरसों की बोवनी हुई है। दतिया : जिले में 1 लाख 42 हजार हेक्टेयर में गेहूं, 17 हजार हेक्टेयर में सरसों, 24 हजार में चना तथा 2 हजार हेक्टेयर में मसूर की बोवनी हुई है। इनका कहना है अंचल में सरसों की कटाई का काम शुरू हो चुका है। गेहूं की कटाई दस दिन बाद होगी। लघु उपज वाले किसान स्वयं कटाई कर रहे हैं जबकि सीमांत किसानों को मजदूर गांव में ही उपलब्ध हो गए । बड़े किसानों ने हार्वेस्टर लगाए हैं। हार्वेस्टर से सबसे ज्यादा कटाई गेहूं की होती है।