इमरान बोले- सबूत दो तो करेंगे कार्रवाई

इमरान बोले- सबूत दो तो करेंगे कार्रवाई

इस्लामाबाद पुलवामा हमले के बाद कई दिनों बाद पाक पीएम इमरान खान ने कहा कि इस हमले में पाक का हाथ नहीं है। उन्होंने कहा, भारत ने बिना किसी सबूत के इस्लामाबाद पर आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि अगर हम पर हमला हुआ तो पाक भी जवाब देगा। उन्होंने कहा, हम आतंक पर बात करने के लिए तैयार हैं। यह नया पाकिस्तान है। इमरान खान ने कहा, आपको अतीत में ही फंसे रहना है और कश्मीर के लिए पाकिस्तान को जिम्मेदार ठहरा दें। कश्मीर पर हम बातचीत के लिए तैयार हैं। हम जांच के लिए तैयार हैं। मैं भारत सरकार को बताना चाहता हूं कि अगर पाक में किसी के खिलाफ सबूत मिलता है तो हम उसके खिलाफ कार्रवाई करेंगे। मैं आपको गारंटी देता हूं। अगर कोई पाक की जमीन का गलत इस्तेमाल कर रहा है तो ये हमारे हितों के खिलाफ है।

पाकिस्तान पर हमला हुआ तो हम जवाब देंगे

कह रहे हैं कि पाकिस्तान को सबक सीखाना चाहिए। आपका चुनावी साल है, इससे आपको फायदा मिलेगा, अगर पाकिस्तान को सबक सिखाया जाए। अगर पाकिस्तान पर हमला हुआ तो पाकिस्तान जवाब देने की सोचेगा नहीं बल्कि जवाब देगा। जंग शुरू करना तो इंसान के हाथ में है लेकिन जंग खत्म करना इंसान के हाथ में नहीं है।

जंग हुई तो मंदिरों में नहीं बजेंगी घंटियां

पाक सरकार में रेल मंत्री शेख रशीद अहमद ने कहा कि इमरान खान ने 20 करोड़ पाकिस्तानियों की ओर से बयान दिया है। भारत अगर अमन की बात करेगा तो अमन की बात होगी, लेकिन अगर जंग की बात करेगा तो जंग की बात होगी। इमरान ने संदेश दे दिया है कि पाक ने चूड़ियां नहीं पहन रखी हैं। अगर किसी ने पाक की तरफ गलत नजर से देखा तो उसकी आंखें निकाल दी जाएगीं। फिर न घास उगेगी, न चिड़ियां चहकेंगी और न मंदिरों में घंटियां बजेंगी। पाक मुसलमानों का किला है जिसकी ओर आज सारी

तनाव कम करने पाक ने लगाई यूएन से गुहार

भारत के साथ बढ़े तनाव को कम करने पाक ने संयुक्त राष्ट्र से तत्काल हस्तक्षेप करने की अपील की है। पाक के विदेश मंत्री शाह महमूद कुरैशी ने संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंतोनियो गुतारेस को पत्र भेजकर दोनों देशों के बीच तनाव कम करने में उनकी मदद मांगी।

भारत और पाक संयम बरतें : चीन

आतंकी हमले के मद्देनजर भारत-पाक के दरम्यान बढ़े तनाव के बीच चीनी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता गेंग शुआंग ने दोनों देशों से सयंम बरतने का अनुरोध किया और कहा कि वे जितनी जल्दी मुमकिन हो उतनी जल्दी अपने मुद्दों को बातचीत के जरिए शांतिपूर्ण तरीके से हल करें।