30 दिन में 58 हजार व्यवसायियों को मंजूर हुआ 2189 करोड़ का लोन

30 दिन में 58 हजार व्यवसायियों को मंजूर हुआ 2189 करोड़ का लोन

भोपाल। लॉक डाउन के दौरान निवेशकों को हुए घाटे से उबारने के लिए केन्द्र सरकार ने आत्मनिर्भर अभियान प्रारंभ किया है। इसके अन्तर्गत बैंकों के माध्यम से बिना देर किए लोन मंजूर किए जा रहे हैं। इस क्रम में मध्यप्रदेश में 30 दिन के भीतर (18 मई से 17 जून) 58 हजार छोटे व्यवसायियों को 2189 करोड़ रुपए का इमरजेंसी लोन मंजूर करने का रिकार्ड बना है। कई बैंकों ने 28 हजार से ज्यादा उद्यमियों को करीब 600 करोड़ का लोन बांट भी दिया है। प्रदेशभर में एमएसएमई के 22 हजार से अधिक इकाइयां हैं। इनमें अधिकांश लॉक डाउन के कारण घाटे में चले गए हैं। वहीं बहुत से उद्यमी अपना नया कारोबार खड़ा करना चाहते हैं। ऐसे इकाइयों के लिए केन्द्र सरकार ने 25 से 100 करोड़ रुपए तक लोन देने का निर्णय लिया है। इसी क्रम में प्रदेश में भी त्वरित गति से लोन मंजूर किए जा रहे हैं। आत्मनिर्भर अभियान में बड़ी संख्या में लोग बैंकों में लोन लेने आवेदन कर रहे हैं। वहीं उद्यमियों का एक वर्ग तर्क दे रहा है कि लोन लेंगे तो ब्याज भी चुकाना पड़ेगा। एक तरफ पहले से घाटे में आ गए हैं और ऊपर से लोन का ब्याज चुकाने की चिंता रहेगी। अच्छा हो कि सरकार ब्याज माफ करे।