चारकोल के साथ पेंसिल स्केच और मॉडर्न आर्ट में दिखाई घरेलू हिंसा

चारकोल के साथ पेंसिल स्केच और मॉडर्न आर्ट में दिखाई घरेलू हिंसा

स्वराज भवन में आर्ट एंड पेंटिंग एग्जीबिशन का आयोजन किया जा रहा है। इस एग्जीबिशन में कुल 20 आर्टिस्ट्स की 50 पेंटिंग्स एग्जीबिट की गई हैं। कलाकार अमन गौर ने बताया कि दूसरे दिन भी काफी संख्या में विजिटर्स ने इस एग्जीबिशन को देखने का लुत्फ उठाया। यह एग्जीबिशन उन आर्टिस्ट्स के लिए प्लेटफॉर्म है जो अपना आर्ट वर्क डिस्प्ले करना चाहते हैं। इस एग्जीबिशन में ट्राइबल आर्ट, मॉडर्न आर्ट और स्केच आर्ट डिस्प्ले किए गए हैं, यह एग्जीबिशन 28 मई तक रोजाना दोपहर 3 बजे से रात 8 बजे तक देखी जा सकेगी। इस एग्जीबिशन में डोमेस्टिक वायलेंस से लेकर कॉस्मोलॉजी और स्केचिंग के जरिए आर्ट को दिखाया गया है।

कॉस्मोलॉजी चित्र चारकोल पेंसिल से बनाई ब्रह्मांड की उत्पत्ति

मेरा कॉस्मोलॉजी में बहुत इंटरेस्ट है। मैंने यह पेंटिंग वेदों की थ्योरी के हिसाब से तैयार की है जिसमें एक यूनिवर्स को दिखाया है। इस पेंटिंग को मैंने चारकोल पेंसिल से तैयार किया है। इसे बनाने में करीब दो महीने का समय लगा। इस पेंटिंग को मैंने टाइटल भी दिया है जिसका नाम 'यूनिवर्सलिटी आफ दयूनिवर्स।

कॉलोनी में मदद के लिए गूंजती आवाज

मुझे ब्राइट कलर में पेंटिंग्स करना बेहद पसंद है। मैं रियलिस्टिक कहानियों और कविताओं की इमेजिनेशन पर काम करती हूं। मैंने एक कवि की कविता पर आधारित पेंटिंग तैयार की है। इसमें एक कॉलोनी का नक्शा हैं जहां लोगों की नजरें आप पर है लेकिन कोई मदद के लिए आगे नहीं आ रहा। साथ ही घर में हो रहे डोमेस्टिक वायलेंस की भी झलक दिखाई गई है। आर. मेघा, आर्टिस्ट

चारकोल व ग्रेफाइट से तैयार किया स्केच

मैंने यह आर्ट खुद से सीखा है। मैं मिक्स मीडियम पर चारकोल और ग्रेफाइट का इस्तेमाल कर स्केच तैयार करता हूं। मेरा फॉर्म पेंसिल आर्ट है। यश सिंह, आर्टिस्ट