ट्रंप के इनकार के बाद भी ईरान के साथ सुरक्षा परिषद की बैठक करेगा रूस

ट्रंप के इनकार के बाद भी ईरान के साथ सुरक्षा परिषद की बैठक करेगा रूस

मॉस्को। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के समर्थन से इनकार करने के बाद रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन की ओर से फारस की खाड़ी और ईरान मसले पर चर्चा करने के लिए संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद (संरासुप) के सदस्य देशों, जर्मनी और ईरान के नेताओं का एक ऑनलाइन सम्मेलन आयोजित करने का प्रस्ताव अब भी बरकरार है। रूस के विदेश उप मंत्री सर्गेई रयाबकोव ने रविवार को इस आशय का दावा किया। उन्होंने यह पूछे जाने पर कि अमेरिका राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के वक्तव्य के सामने आने के बाद सम्मेलन आयोजित करने की पहल क्या अभी भी बरकरार है, तो उन्होंने कहा, बेशक, हां। हम सम्मेलन आयोजित करने की दिशा में काम कर रहे हैं।

ट्रंप ने कहा था- नहीं करेंगे इस पहल का समर्थन

रूस के विदेश उप मंत्री सर्गेई रयाबकोव ने फारस की खाड़ी में तनाव को और अधिक बढ़ने से बचाने के लिए अमेरिका से इस पहल के कार्यान्वयन के फायदों का आंकलन करने का भी आग्रह किया। गौरतलब है कि डोनाल्ड ट्रंप ने शनिवार कोकहा था कि वह ईरान मसले पर ऑनलाइन शिखर सम्मेलन आयोजित करने की पुतिन की पहल का समर्थन नहीं करेंगे। उन्होंने कहा कि इसके बजाय वह चुनाव तक इंतजार करेंगे। इससे पहले शुक्रवार को पुतिन ने संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद के सदस्यों जर्मनी और ईरान के नेताओं की भागीदारी के साथ फारस की खाड़ी में तनाव को खत्म करने के लिए वीडियो कॉन्फ्रेंस आयोजित करने का सुझाव दिया।

रूस और अमेरिका के बीच परमाणु से जुड़े विषयों पर चर्चा महत्वपूर्ण: रयाबकोव

वहीं, रूस ने कहा है कि अमेरिका के साथ रणनीतिक स्थिरता को लेकर होने वाली बैठक के दौरान परमाणु विषयों पर चर्चा होना बहुत महत्वपूर्ण है। रूस के उप विदेश मंत्री सर्गेई रयाबकोव ने रविवार को यह बात कही। रूस और अमेरिका के बीच रणनीति स्थिरता के लिए यह बैठक 16-18 अगस्त को निर्धारित है। रयाबकोव ने एक साक्षात्कार में कहा, हमारे लिए अमेरिका के हमारे सहयोगियों को दोनों देशों के बीच रणनीतिक स्थिरता को प्रभावित करने वाले सभी कारकों पर विचार करने की जरूरत बहुत महत्वपूर्ण है। हम चर्चा के लिए विषयों को हथियार या पारदर्शिता तक सीमित नहीं कर सकते हैं। रणनीतिक आक्रामकता और रक्षा हथियारों के बीच संबंध को स्पष्ट करना आवश्यक है।