नाबालिग का दुष्कर्म करने वाले को 20 साल की सजा

नाबालिग का दुष्कर्म करने वाले को 20 साल की सजा

ग्वालियर। एकादशम अपर सत्र न्यायाधीश व विशेष न्यायालय पॉक्सो एक्ट ने नाबालिग का अपहरण कर बलात्कार करने वाले आरोपी सोनू उर्फ अरविंद उर्फ परवेन्द्र माहौर पुत्र लच्छीराम माहौर निवासी करौली माता मंदिर के पास महलगांव ग्वालियर को धारा- 366 भादसं के अधीन 5 वर्ष का कठोर कारावास व 2500 रुपए का अर्थदण्ड तथा धारा-5(एल) सहपठित धारा 6 पॉक्सो अधिनियम 2012 के अधीन 20 वर्ष का कठोर कारावास व 2500 रुपए अर्थदण्ड से दंडित किया है। अभियोजन की ओर से पैरवी करने वाले सहायक जिला लोक अभियोजन अधिकारी आशीष कुमार राठौर एवं एडीपीओ श्रीमती नैन्सी गोयल ने बताया है कि 23 दिसंबर 20 को सुबह 11 बजे पीड़िता स्कूल जाने के लिए बोलकर गई थी, लेकिन शाम तक वापस नहीं आई।

उनके घर में किराए से सोनू माहौर नाम का लड़का रहता था, वह भी घर से गायब था। इस पर बच्ची के पिता ने सोनू माहौर द्वारा उनकी बच्ची को बहला-फुसलाकर लेकर जाने की प्रथम सूचना रिपोर्ट थाना विविर में लेख कराई। थाने ने अपराध क्रं. 422/2020 अंतर्गत धारा-363 भा.द.सं. के अधीन पंजीबद्ध कर प्रकरण विवेचना में लिया गया। विवेचना उपरांत 24 जनवरी 2021 को हनुमान सहाय मीना का घर मेंहदीपुर बालाजी करौली राजस्थान से बच्ची को सोनू माहौर के पास से दस्तयाब कर दस्तयाबी पंचनामा तैयार किया गया। बच्ची को थाना विवि वापस लाकर उसके धारा-161 दप्र.सं. के कथन लेखबद्ध किए गए। संपूर्ण अनुसंधान उपरांत अभियोग पत्र न्यायालय के समक्ष पेश किया गया। न्यायालय ने आरोपी को बीस साल की सजा सुनाई।

नाबालिग के साथ छेड़छाड़ करने वाले को 5 साल की सजा

अनन्यत: विशेष न्यायाधीश, लैंगिक अपराधों से बालकों का संरक्षण अधिनियम एवं त्रयोदशम अपर सत्र न्यायाधीश श्रीमती आरती शर्मा ने नाबालिग के साथ छेड़छाड़ करने वाले विचाराधीन विशेष प्रकरण क्रमांक 58/23 राज्य शासन विरूद्ध राजेंद्र जाट पुत्र जगदीश सिंह जाट निवासी त्यागी नगर ग्वालियर को धारा 9 (एम) सहपठित धारा 10 पॉक्सो एक्ट में 5 वर्ष के सश्रम कारावास एवं अर्थदण्ड से दंडित किया है। अतिरिक्त जिला लोक अभियोजन अधिकारी अनिल कुमार मिश्रा ने बताया कि पीड़िता की मां ने थाना गोला का मंदिर पर उपस्थित होकर मौखिक रिपोर्ट लेख करवायी थी कि बच्ची की मां जिस कंपनी पर काम करती है, वहां अभियुक्त राजेंद्र भी काम करता है और घर पर आता जाता रहता है। 5 फरवरी 23 को शाम 5 बजे राजेंद्र ने कहा कि तुम्हारी लड़की को मेला दिखाकर लाता हूं तो मां ने तीनों लड़कियों को राजेंद्र जाट के साथ मेला देखने भेज दिया था।

थाना गोला का मंदिर से सूचना मिलने पर मां थाने पर आई तो थाने पर बच्चियों ने बताया कि राजेंद्र अंकल ने मेले में डोसे की दुकान पर बैठा दिया था और छोटी बहन को अपने साथ झूला सेक्टर के पीछे खंडर वाली जगह पर लेकर गए, जहां उन्होंने गलत काम करने की कोशिश की। बच्ची के चिल्लाने पर वहां पर पुलिस आ गई। थाना गोला का मंदिर पुलिस ने मां की शिकायत अपराध क्रमांक 79/2023 पर प्रकरण पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया। संपूर्ण संपूर्ण विवेचना उपरांत अभियोग पत्र विशेष न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया। न्यायालय ने अभियोजन के तर्कों से सहमत होकर अभियुक्त को सजा सुनाई।