मप्र में संगीत सुनने और पसंद करने वाले बहुत हैं: अनुराधा पौडवाल

मप्र में संगीत सुनने और पसंद करने वाले बहुत हैं: अनुराधा पौडवाल

किसी भी चीज में पॉजिटिव और निगेटिव साइड तो होती है। आज से 30 साल पहले जो गाना गाते थे या तैयार होते थे वहीं गाते थे, लेकिन आज हर कोई गाना गा रहा है। इसका सबसे बड़ा कारण सोशल मीडिया है। जिसमें लोग अपने-अपने रील बनाकर शेयर कर रहे हैं। यह कहना था, पार्श्व गायिका अनुराधा पौडवाल का, जो कि रवींद्र भवन में म्यजिकल ईव के लिए भोपाल पहुंचीं। इस दौरान आईएम भोपाल से खास बातचीत की। अनुराधा कहती हैं कि आज के समय में युवाओं को अच्छे प्लेटफॉर्म मिल रहे हैं। जो हमारे समय में नहीं थे। आज अच्छी फेसिलिटी भी दी जा रही है जिससे वे इस क्षेत्र में युवाओं को अपनी प्रतिभा दिखाने का भरपूर अवसर मिल रहा है। मप्र में आनंद आता है उन्होंने मप्र के बारे में बताया कि मप्र में संगीत को सुनने वाले और पसंद करने वाले बहुत है। इसलिए यहां प्रोग्राम करने में अलग ही आनंद आता है। यह के लोगों में संगीत की अच्छी समझ है और इसका कारण यहां होने वाले सांस्कृतिक कार्यक्रम हैं। देश के लगभग सभी बड़े कलाकार यहां प्रस्तुतियां दे चुके हैं और इस कारण यहां अच्छा संगीत सुना जाता है।

किशोर दा के साथ 250 से ज्यादा गाने गाए

अनुराधा ने किशोर दा को याद करते हुए बताया कि मैंने उनके साथ 250 से ज्यादा गाने गाए हैं। उन दिनों मैं उनके साथ दो-दो महीनों तक टूर करती थी। इस दौरान मुझे 20 से 21 शो करने का मौका मिलता था। कई सालों तक ऐसे ही प्रोग्राम किए। इस दौरान मैंने उनसे ही लाइव कंसर्ट करना सीखा। उन दिनों टेलीविजन नहीं होते। इसलिए लाइव कंसर्ट का ही क्रेज था। इन प्रोग्राम में किशोर दा का गाना ही खास होता था। उनका रियाज ऐसा था कि वो किसी भी समय गाने के लिए खड़े हो जाए उनके सुर हमेशा परफेक्ट ही निकलते थे।

धीरे-धीरे से मेरी जिंदगी में आना... गाने पर झूमे श्रोता

धीरे-धीरे से मेरी जिंदगी में आना..., नजर के सामने..., बचके रहना रे बाबा..., मार गई मुझे तेरी जुदाई..., वादा करो नहीं छोड़ोगे तुम मेरा साथ... कुछ इसी तरह के सदाबहार नग्मो से गूंज उठा रवींद्र भवन का हंसध्वानी सभागार। मौका था, रविवार को सिनेमा जगत के मशहूर पार्श्व गायक स्व. किशोर कुमार के जन्मदिवस के अवसर पर आयोजित ‘आवाज-एकिशोर’ संगीतमय संध्या का। सम्राट संगीत साधना सेवा समिति की और से आयोजित इस कार्यक्रम में गायिका पद्मश्री अनुराधा पौडवाल को किशोर सम्मान से सम्मानित किया गया। इस अवसर उन्होंने गीतों की प्रस्तुति दी। कार्यक्रम में मुख्य रूप से चिकित्सा शिक्षा मंत्री विश्वास सारंग उपस्थित हुए। संगीत प्रस्तुति के इसी क्रम में सुनील शुक्रवारे, अमित वाधवा, शोभना प्रधान, संजय तिवारी, अन्नदा पाठक, पूजा ठाकरे सहित अन्य कलाकारों ने गीत पेश किए। इस दौरान की-बोर्ड पर संजय शुक्रवारे, ढोलक पर राजकुमार सक्सेना, तबले पर आनंद भट्टाचार्य, ड्रम पर अनिल ओझा, लीड मिटार पर रितुल हजारिका, साइड रिथम पर ओक्टोपेड शैलेंद्र झा, बेस गिटार पर संदीप वर्मा ने संगत किया।