सिहोरा में सड़क दुर्घटना में तीन और हनुमानताल थाना क्षेत्र के अग्नि हादसे में दो की मौत

सिहोरा में सड़क दुर्घटना में तीन और हनुमानताल थाना क्षेत्र के अग्नि हादसे में दो की मौत

सिहोरा। सिहोरा थाना क्षेत्र में नेशनल हाईवे 30 मोहला गांव के पास मंगलवार दोपहर सीधी से जबलपुर जा रही एक तेज रμतार कार अनियंत्रित होकर सड़क से उतर गई और सीधी पुलिया से टकरा गई। हादसे में कार में सवार वृद्ध दंपती और उनके बेटे की मौके पर ही मौत हो गई। जबकि कार में सवार उनके पड़ोसी को चोटें आई है, जिसे अस्पताल में भर्ती कराया गया है। मामले की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और कार से घायल व मृतकों को बाहर निकाला साथ ही मृतकों के स्वजन को सूचना दी गई। वृद्ध दंपती अपने बेटे के साथ इलाज कराने के लिए जबलपुर आ रहे थे। पुलिस ने बताया कि मोटिगवा थाना जामुड़ी सीधी निवासी बाबूलाल लाल सिंह (76) अपनी पत्नी प्रेमा सिंह (70) का इलाज कराने अपनी बेटे आशीष सिंह परिहार (48) के साथ कार क्रमांक एमपी 53 सीए 5423 से जबलपुर आ रहे थे। उनके साथ मोहल्ले के ही राम नरेश सोनी(52) भी थे। कार आशीष चला रहा था। जैसे ही नेशनल हाईवे 30 मोहला गांव के पास पहुंचे। तभी कार अनियंत्रित हो गई, जब तक आशीष कुछ समझ पाता कार सड़क से उतरी और पुलिया से टकरा गया। हादसे में बाबूलाल, प्रेमा बाई और आशीष के सिर और हाथ में गंभीर चोटें आई, जिसके कारण उनकी मौके पर ही मौत हो गई। वहीं रामनेरश को हाथ और चेहरे में चोटें आई है।

मक्का नगर में रजाई-गद्दे के कारखाना में लगी भीषण आग, मां-बेटी जिंदा जलीं 

मक्का नगर हनुमानताल क्षेत्र में मंगलवार को उस वक्त चीख पुकार मच गई,जब रजाई-गद्दे के कारखाना में अचानक आग लग गई। आग ने कुछ ही देर में विकराल रुप धारण कर लिया, जिसकी चपेट में आकर काम कर रही महिला व उसकी मासूम बेटी जिंदा जल गई। वहीं अन्य कर्मचारी किसी तरह अपनी जान बचाकर छत पर पहुंच गए। कारखाना में लगी भीषण आग की लपटें दूर-दूर तक दिखाई देने लगीं। जिससे आसपास रहने वालों में चीख पुकार मच गई। हादसे की खबर मिलते ही पुलिस व जिला प्रशासन के अधिकारी पहुंच गए। मौके पर पहुंचे फायर बिग्रेड ने आग पर काबू पा लिया। हादसे में मृतक के परिजनों को जिला प्रशासन द्वारा 4-4 लाख रुपए आर्थिक सहायता देने की घोषणा की है। 2 मंजिला है कारखाना-पुलिस अधिकारियों के अनुसार हनुमानताल का मक्का नगर मुस्लिम बाहुल्य है। घने बसे इस क्षेत्र में असलम मंसूरी नामक व्यक्ति का दो मंजिला रजाई-गद्दे का कारखाना है, जहां पर दिन-रात से काम चलता रहता है।कारखाने में नगीना उम्र 25 वर्ष अपनी 6 वर्षीय बेटी हिना को लेकर काम करने पहुंच गई। कुछ देर बाद अन्य श्रमिक भी काम पर आ गए। सभी लोग अपने अपने काम में जुटे रहे। इस दौरान कारखाना के एक हिस्से में अचानक आग लग गई। धीरे-धीरे सुलग रही आग ने कुछ ही देर में विकराल रुप धारण कर लिया। कारखाना में लगी आग देख श्रमिकों में चीख पुकार मच गई, सभी अपनी अपनी जान बचाने के लिए भागे। इस बीच आग की चपेट में आने से महिला श्रमिक नगीना व उसकी बेटी हिना की जलने से मौत हो गई।