सस्ते ऑक्सीमीटर बेचने के नाम पर व्यापारी को लगा 4.20 लाख का चूना, पैसा ट्रांसफर होते ही जालसाजों ने किया मोबाइल बंद, पुलिस जांच में जुटी

 10 Jun 2021 03:56 PM

भोपाल। कोरोना संक्रमण जब अपने पूरे शबाब पर था, तब मेडिकल इक्यूपमेंट की अच्छी-खासी डिमांड बढ़ गई थी। ऐसे समय में पल्स ऑक्सीमीटर की किल्लत को देखते हुए और ज्यादा मुनाफा कमाने के चक्कर में एक व्यावसायी के साथ 4.20 लाख रुपए की धोखाधड़ी हो गई। 

दरअसल, पुराने शहर के घोड़ानक्कास में सर्जिकल एक्यूपमेंट व्यवसायी को ऑक्सीमीटर बेचने के नाम पर दो व्यक्तियों ने सवा चार लाख रुपए का चूना लगा दिया है। आरोपियों ने जिस बैंक खाते में पैसा ट्रांसफर कराया है, वह मुंबई का है। पुलिस ने धोखाधड़ी और आपराधिक षड्यंत्र रचने का मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस आरोपियों को पता भी लगा लिया है। जल्द ही पुलिस आरोपियों को गिरफ्तार कर सकती है। 

हनुमानगंज पुलिस ने बताया कि सुरेश कलारा सर्जिकल एक्यूपमेंट व्यवसायी हैं। उनकी भोपाल शहर के घोड़ा नक्कास में मेसर्स लाल स्टोर्स नाम से दुकान है। सुरेश के बेटे तरुण कलारा को कुछ माह पहले एक व्यक्ति ने अपने वाट्सग्रुप में जोड़ा था। इसके बाद लॉकडाउन की अवधि में तरुण को एक व्यक्ति ने फोन कर मुंबई का बड़ा दवा सप्लायर बताया। खुद को ऑक्सीमीटर का थोक डीलर बताते हुए तरुण को कुछ कम रेट में ऑक्सीमीटर बेचने का झांसा दिया। चूंकि अप्रैल के अंत और मई के पहले सप्ताह में कोरोना पीक पर था और ऑक्सीमीटर मशीन की काफी किल्लत थी। लोग आॅक्सीजन सेचुरेशन मापने के लिए ब्लैक में ऑक्सीमीटर खरीद रहे थे।

तरुण ने जालसाजों के दिए गए मोबाइल नंबर पर बात की और सौदा तय हो गया। जालसालों ने एक बैंक खाते में चार लाख 20 हजार रुपए ट्रांसफर करा लिए। पैसे ट्रंसफर कराने के बाद ऑक्सीमीटर की डिलीवरी देने का झांसा दिया था। लेकिन आज तक ऑक्सीमीटर नहीं पहुंचाया। इतना ही नहीं अब जिन दोनों नंबरों पर फरियादी और उसके बेटे से जालसाज बात करते थे, अब दोनों नंबर बंद आ रहे हैं। विवेचना अधिकारी ने बताया कि आरोपियों के संबंध में काफी डिटेल हाथ लग गई है। जल्द ही आरोपी को गिरफ्तार कर लेंगे।