प्यारे मियां की हैवानियत की जांच करने के लिए शेल्टर होम एसआईटी पहुंची, नमकीन के पैकेट में मोबाइल भेजने वालों की तलाश

 24 Jan 2021 10:22 PM

भोपाल। प्यारे मियां की हैवानियत की शिकार लड़की की मौत की जांच के लिए एसआईटी  शनिवार को शेल्टर होम पहुंंची। टीम ने यहां मृत बालिका के साथ रहने वाली दूसरी लड़कियों से बात करने के अलावा उन कमरों का जायजा लिया, जिनमें मृत बालिका का किसी भी कारण से आना-जाना था। 

एसआईटी प्रमुख आईजी क्राइम अंगेस्ट वूमन दीपिका सूरी की अगुवाई में सीएसपी उमेश तिवारी और सीआईडी इंस्पेक्टर पंकज दीवान ने शेल्टर होम में जांच शुरू की। यहां पर टीम ने शेल्टर होम की अधीक्षिका के बयान लेने के अलावा रजिस्टर को चेक किया, जिसमें आने-जाने वालों की एंट्री होती है। टीम ने इसके साथ ही प्यारे मियां की हैवानियत की शिकार अन्य लड़कियों के बारे में भी जानकारी एकत्रित की। इस टीम को अपनी जांच रिपोर्ट 2 फरवरी तक सौंपनी है। 

किसने भेजा था मोबाइल 
सूत्रों की माने तो जांच में यह पता लगाने की कोशिश हो रही है कि प्यारे मियां की हैवानियत की शिकार एक लड़की को नमकीन के पैकेट मे छिपाकर मोबाइल फोन भेजने में कौन-कौन शामिल था। इस बारे में लड़की से पूछताछ भी होगी, ताकि उसको मोबाइल भेजकर किससे बात करनी थी और क्या बाकी लड़कियों के लिए भी इसी मोबाइल का इस्तेमाल होना था। सूत्रो की माने तो मोबाइल अगर नहीं पकड़ा जाता तो मोबाइल के माध्यम से पीड़ित बालिकाओं की उनके परिवार से बात करवाकर कोर्ट में बयान बदलने का दबाव ड़ाला जाना था।

इंदौर: अवैध कॉलोनी काटने वाला प्यारे मियां का साथी नासिर पकड़ाया
यौन शोषण, अवैध कॉलोनी काटने वाले आरोपी प्यारे मियां के साथी को चंदन नगर पुलिस ने उसके घर से गिरफ्तार किया है। चंदननगर पुलिस ने बताया कि वर्ष 2016-17 में प्यारे मियां ने थाना क्षेत्र अंतर्गत न्यू लक्ष्मी कॉलोनी की जमीन मोहम्मद नासिर छीपा को बेची थी। प्यारे मियां ने यह जमीन दबंगई दिखाकर अवैध तरीके से हथियाई थी। नासिर ने जमीन पर कॉलोनी काटने के नाम पर लोगों से लाखों रुपए ऐंठ लिए थे। प्यारे मियां ने पकड़ाने के बाद नासिर का नाम कबूला था। एक साल से चंदननगर पुलिस को नासिर की तलाश थी। पुलिस अधीक्षक ने उसकी गिरफ्तारी पर तीन हजार रुपए का इनाम घोषित किया था। रविवार को उसे चंदननगर लोहे के गेट स्थित घर से गिरफ्तार कर लिया। इसके पहले पुलिस ने अवैध कॉलोनी काटने के मामले में पूर्व पार्षद अनवर कादरी, जफर खान को गिरफ्तार किया था। सभी आरोपी अभी जेल की सलाखों के पीछे हैं।