कॉमर्स के प्रति स्टूडेंट्स का रुझान घटा, इस साल साइंस में अधिक हुए एडमिशन

 19 Oct 2020 12:38 AM  124

भोपाल। प्राइवेट और सरकारी कॉलेजों में यूजी-पीजी कोर्स में प्रवेश प्रक्रिया समाप्त हो चुकी है। वर्तमान में अतिरिक्त राउंड चल रहा है। इस बार एडमिशन की खास बात यह है कि कॉमर्स के प्रति स्टूडेंट्स का रुझान कम हुआ है, जबकि साइंस के प्रति बढ़ा है। यही वजह है कि प्रवेश के मामले में आर्ट्स पहले, साइंस दूसरे और कॉमर्स तीसरे नंबर पर है। अभी तक यूजी-पीजी में 3.50 लाख एडमिशन हुए हैं, जिनमें यूजी में 2.90 लाख और पीजी में 60 हजार हैं। इनमें आर्ट्स के बाद बीएससी में सबसे ज्यादा एडमिशन हुए हैं। वहीं 1405 कॉलेजों में मूल प्रवेश प्रक्रिया बंद हो गई है। अब ‘रुक जाना नहीं’ और ‘सप्लीमेंट्री’ के विद्यार्थियों के लिए अतिरिक्त राउंड चल रहा है।

साइंस में ज्यादा प्रवेश की दो प्रमुख वजह

1 कॉलेज प्राचार्यों के अनुसार, पिछले साल तक साइंस के अधिकतर स्टूडेंट्स प्रदेश से बाहर पढ़ाई करने चले जाते थे। इसलिए यहां के कॉलेजों में साइंस सब्जेक्ट में एडमिशन कम होते थे। इस बार कोरोना संकमण के कारण पैरेंट्स बच्चों को बाहर पढ़ने के लिए नहीं भेज रहे। ऐसे में इन सभी छात्रों ने प्रदेश के साइंस कॉलेजों में एडमिशन लिया है, इसलिए एडमिशन ज्यादा हुए हैं और कॉमर्स के बजाय साइंस चूज करने वाले छात्र बढे हैं।

2 जानकारों का मानना है कि जिस तरह इंजीनियरिंग का क्रेज एकदम से बढ़ा और फिर बाद में जॉब की कमी के कारण कम हो गया, उसी तरह पिछले वर्षों में कॉमर्स पास होकर निकले युवाओं को भी जॉब मिलने में तेजी से कमी आई है। इसलिए एक बार फिर स्टूडेंट्स ने साइंस में एडमिशन लेकर रिसर्च और मेडिसन के क्षेत्र में कॅरियर तलाशना शुरू कर दिया है। इतना ही नहीं चीन से आयात पर रोक के बाद भारत में फार्मेसी सेक्टर के तेजी से डेवलप होने से जॉब्स भी बढेÞंगे।