तमिलनाडु ने रद्द की 12वीं की परीक्षाएं, सीएम स्टालिन ने पीएम को लिखा पत्र, नीट रद्द करने की उठाई मांग

 06 Jun 2021 12:05 PM

तमिलनाडु के मुख्यमंत्री एमके स्टालिन ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से कोविड-19 की स्थिति के कारण नीट (NEET) जैसी सभी राष्ट्रीय स्तर की प्रवेश परीक्षाएं रद्द करने का आग्रह किया है। इस संबंध में सीएम स्टालिन ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र भी लिखा है।

 

सीएम का पत्र

मुख्यमंत्री स्टालिन ने अपने पत्र में लिखा, "राज्य में कक्षा 12 के छात्रों के भविष्य को लेकर एक बहुत ही जरूरी मुद्दे की ओर आपका ध्यान खींचना चाहता हूं। देश में कोरोना के कारण बने हालातों को देखते हुए केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (CBSE) ने 4 जून को एक नोटिस जारी किया जिसमें कहा गया है कि इस साल 12वीं की बोर्ड परीक्षाएं नहीं कराई जाएंगी। सीबीएसई ने एक समिति का भी गठन भी किया है जो कक्षा 12 का रिजल्ट वैकल्पिक उपायों/मानदंडों के आधार से तैयार करने पर विचार करेगी।

इन्हीं सभी परिस्थितियों को देखते हुए मुझे आभास हो रहा हो रहा है राष्ट्रीय स्तर की प्रवेश परीक्षांए का आयोजन छात्रों के स्वास्थ्य और सुरक्षा को प्रभावित करेगा। इसलिए आपसे निवेदन है कि नीट (NEET) जैसी राष्ट्रीय स्तर की सभी प्रवेश परीक्षाएं रद्द कर दी जाएं। क्योंकि इसी कारण से 12वीं बोर्ड की परीक्षाएं भी रद्द की गई हैं।"

कोरोना के चलते 12वीं की परीक्षाएं हुई थी रद्द

कोरोना महामारी का वैश्विक प्रकोप और देश में बढ़ रहे मामलों की संख्या देखते हुए 01 जून, 2021 को ही प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में हुई उच्च स्तरीय बैठक में सीबीएसई और आईएससी बोर्ड की 12वीं की परीक्षाओं के निरस्त किए जाने का निर्णय किया गया था। इस फैसले के बाद कई राज्यों में प्रस्तावित बोर्ड परीक्षाओं को लेकर दोबारा मंथन शुरू हो गया था।

अब तक 12 राज्य शिक्षा बोर्ड 12वीं की परीक्षाएं रद्द करने का एलान कर चुके हैं। वहीं, शेष अधिकतर राज्यों में भी इम्तिहान रद्द करने की मांग अब फिर से जोर पकड़ने लगी है। इसी क्रम में तिमलनाडु में भी आवाज उठाई जा रही थी। यहां आखिरकार परीक्षाएं रद्द करने की घोषणा हो चुकी है।

 

हाई-लेवल कमिटी का गठन

इसके पहले मुख्यमंत्री स्टालिन ने शनिवार को मद्रास हाईकोर्ट के पूर्व न्यायाधीश की अध्यक्षता में एक हाई-लेवल कमिटी गठित करने का ऐलान किया। जिसका काम राष्ट्रीय पात्रता सह प्रवेश परीक्षा (NEET) का मेडिकल कॉलेजों में एडिमशन पर प्रभाव का अध्ययन करना होगा। समिति नीट से छात्रों की सेहत पर असर, एडमिशन के वैकल्पिक उपाय और कानूनी पहलुओं पर विचार करेगी।

मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, मुख्यमंत्री ने कहा कि समिति यह पता लगाएगी कि नीट (NEET) का छात्रों और समाज पर क्या असर पड़ रहा है। क्योंकि कोरोना महामारी को देखते हुए नीट परीक्षा की जगह पर वैकल्पिक उपायों पर विचार किया जा रहा है।