समय रहते ऑटिज्म पर काबू पा सकते है

 06 Apr 2021 12:44 AM

वर्ल्ड ऑटिज्म अवेयरनेस डे के उपलक्ष्य में पीपुल्स विश्वविद्यालय के पीपुल्स कॉलेज ऑफ  मेडिकल साइंस एंड रिसर्च सेंटर द्वारा कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम की शुरुआत में मुख्य वक्ता डॉ.जफर मीनाई का स्वागत वरिष्ठ शिशु रोग विशेषज्ञ प्रोफेसर डॉ. विजया ब्यौहार ने किया। डॉ. जफर मीनाई ने अपने वक्तव्य में बताया यह एक मानसिक विकार है, जिसमें भूलने की बीमारी होती है इससे बच्चे अधिक पीड़ित होते हैं। एक बार ऑटिज्म की चपेट में आने के बाद बच्चे का मानसिक संतुलन संकुचित हो जाता है एवं वह अपने आप को दूसरों से कमजोर मानता है। इस अवसर पर पीपुल्स कॉलेज ऑफ  मेडिकल साइंस एंड रिसर्च सेंटर के डीन डॉ.अनिल दीक्षित ने अपने संबोधन में बताया 2 अप्रैल को वर्ल्ड ऑटिज्म अवेयरनेस डे के रूप में मनाया जाता है, इस बीमारी के लक्षण बचपन से ही बच्चे में नजर आने लगते हैं। उक्त परिस्थितियों में बच्चे के डॉक्टर से तुरंत संपर्क करना चाहिए, जितनी जल्दी रोग का पता चलेगा इलाज करना डॉक्टर के लिए आसान होगा। कार्यक्रम के अंत में शिशु रोग विभाग अध्यक्ष डॉक्टर जगदंबा दीक्षित ने मुख्य अतिथि का सम्मान किया। पीपुल्स ग्रुप की ट्रस्टी एवं डायरेक्टर मेघा विजयवर्गीय ने इस कार्यक्रम को आयोजित करने के लिए पीसीएम एस एंड आरसी के डीन डॉ. अनिल दीक्षित एवं सभी आयोजनकर्ताओं को बधाई दी।