टीके की सबसे ज्यादा बर्बादी झारखंड में, केरल और बंगाल में पूरा उपयोग

 10 Jun 2021 11:58 PM

नई दिल्ली। केरल और प. बंगाल में मई माह में कोविड-19 रोधी टीकों की बिल्कुल भी बर्बादी नहीं हुई तथा दोनों राज्यों में टीकों की क्रमश: 1.10 लाख तथा 1.61 लाख खुराकें बचाई गई। वहीं सरकारी आंकड़ों के मुताबिक, कोविड रोधी टीकों की सबसे ज्यादा 33.95 फीसदी बबार्दी झारखंड में हुई। आंकड़ों के मुताबिक केरल में टीकों की बर्बादी का आंकड़ा नकारात्मक 6.37 फीसदी रहा, जबकि प. बंगाल में यह आंकड़ा नकारात्मक 5.48 प्रतिशत है। टीकों की बर्बादी का आंकड़ा नकारात्मक होने का अर्थ है कि प्रत्येक शीशी में मौजूद अतिरिक्त खुराक का भी इस्तेमाल करना। बता दें कि मध्यप्रदेश टीकों की बर्बादी के मामले में देश में तीसरे नंबर पर है। सरकारी आंकड़ों के मुताबिक मई माह में राज्यों एवं केंद्र शासित प्रदेशों को 790.6 लाख टीकों की आपूर्ति की गई, जिनमें से 610.6 लाख टीकाकरण में काम आई। वहीं 658.6 लाख खुराकों का उपयोग हुआ और 212.7 लाख खुराकें बचीं। अप्रैल के मुकाबले मई में टीकाकरण कम रहा। तब 898.7 लाख टीकाकरण हुआ, 902.2 लाख का उपयोग हुआ और 80.8 लाख बच गए। भारत में 45 वर्ष से अधिक के 38 फीसदी लोगों को सात जून तक टीके की पहली खुराक दी गई। त्रिपुरा में यह आंकड़ा 92%, राजस्थान व छग में 65-65%, गुजरात में 53 फीसदी, केरल में 51% और दिल्ली में 49% रहा। तमिलनाडु में यह आंकड़ा 19%, झारखंड व उप्र में 24-24% तथा बिहार में 25 फीसदी रहा।

प्रदेश के अधिकारी का दावा- ‘केंद्र के ये आंकड़े पुराने हैं’

टीका बर्बादी में मप्र के स्थान को लेकर राज्य टीकाकरण अधिकारी डॉ.संतोष शुक्ला का कहना है कि बर्बादी 7.35% बताने का आंकड़ा पुराना है। वैसे अब केंद्र सरकार के निर्देश हैं कि वैक्सीन के स्टॉक और उसके स्टोरेज के तापमान को सार्वजनिक नहीं किया जाए ना ही आंकड़े बताए जाएं। जब उनसे इस संबंध का आदेश मांगा गया, जो उपलब्ध नहीं कराया।

यूएस कम आय वाले देशों को दान देगा 50 करोड़ टीके

वॉशिंगटन।अमेरिका के राष्ट्रपति जो बाइडेन की यह ऐलान करने की योजना है कि अमेरिका फाइजर के 50 करोड़ खुराक खरीदेगा और 92 कम तथा मध्यम आय वर्ग वाले देशों और अफ्रीकी संघ को दान देगा। इस ऐतिहासिक कदम से दुनियाभर में इस महामारी के खिलाफ लड़ाई में मदद मिलेगी। व्हाइट हाउस ने ब्रिटेन में जी-7 शिखर सम्मेलन में बाइडेन की घोषणा से पहले कहा, यह किसी भी एक देश द्वारा टीकों की सबसे बड़ी खरीद व दान है और दुनिया में लोगों की कोविड से रक्षा करने में मदद करने की अमेरिकी लोगों की प्रतिबद्धता है।