नीट-2020: आकांक्षा की सफलता कई लड़कियों के लिए प्रेरणा

 18 Oct 2020 01:35 PM  80
शनिवार को जारी हुआ नीट-2020 का रिजल्ट ऐतिहासिक रहा। इस बार दो कैंडिडेट्स ऐसे हैं जिन्होंने 100 प्रतिशत अंक हासिल किए। उड़ीस के शोएब आफताब और दिल्ली की आकांक्षा सिंह ने 720 में से 720 अंक हासिल किए। टाई ब्रेक पॉलिसी के चलते शोएब ने ऑल इंडिया पहली और अंकिता ने दूसरी रैंक हासिल की।
मूल रूप से यूपी के कुशाीनगर की रहने वाली आकांक्षा सिंह की यह सफलता पूर्वांचल की कई लड़कियों के लिए प्रेरणा बन गई है। वह ग्रामीण पूर्वांचल की पहली ऐसी लड़की है, जिसने देश की प्रतिष्ठित परीक्षा में न सिर्फ सफलता पाई है, बल्कि फुल मार्क्स हासिल कर इतिहास रच दिया है। 
हालांकि, इस मुकाम तक पहुंचने के लिए उन्होंने कड़ी मेहनत की। डॉक्टर बनने के लिए आकांक्षा ने कुशीनगर से गोरखपुर अपने गांव तक 70 किमी  का सफर साइकिल से तय किया। यहां 9वीं-10वीं की पढ़ाई करने के बाद 11वीं-12वीं के लिए उन्होंने दिल्ली आकर एक कोचिंग शाखा से एडमिशन लिया।
आठवीं कक्षा तक आकांक्षा का सपना सिविल सर्विस में जाने का था। लेकिन, 9वीं आते- आते उनका मन बदल गया और उन्होंने डॉक्टर बनने का मन बना लिया। इसके लिए उन्होंने नीट की तैयारी शुरू कर दी। दिल्ली आकर उन्होंने एक कोचिंग जॉइन की और कड़ी मेहनत से यह सफलता हासिल की। अपनी इस कामयाबी का श्रेय उन्होंने अपने माता-पिता और टीचर्स को दिया है। आकांक्षा के पिता भारतीय वायुसेना के रिटायर्ड हैं, जबकि उनकी मां रुचि सिंह गांव में ही प्राथमिक स्कूल की टीचर हैं। अपनी बेटी की इस कामयाबी पर दोनों ही बेहद खुश हैं।