दूसरे एटीएम से पैसा निकालने पर चुकाने होंगे 17 रुपए, आरबीआई ने दी मंजूरी, पहले चुकाने पड़ते थे 15 रुपए, जानिए कब से लागू होगा नियम

 11 Jun 2021 09:21 AM

नई दिल्ली। भारतीय रिजर्व बैंक ने लगभग 9 वर्षों के बाद गुरुवार को सभी बैंकों को एटीएम ट्रांजैक्शन के लिए इंटरचेंज शुल्क बढ़ाने की अनुमति दे दी। आरबीआई ने कहा है कि ग्राहकों के लिए एटीएम के 5 बार फ्री में इस्तेमाल की सुविधा बनी रहेगी, लेकिन इसके बाद गैर वित्तीय लेनदेन के लिए 6 रुपए लगेंगे। वहीं वित्तीय लेनदेन यानी पैसे निकालने के लिए लगने वाला शुल्क 15 रुपए से बढ़ाकर 17 रुपए कर दिया गया है।

1 अगस्त से लागू होंगे
नए नियम ये नए नियम 1 अगस्त, 2021 से लागू होंगे। वहीं, 1 जनवरी 2022 से बैंकों को कस्टमर चार्ज के रूप में ग्राहकों से 21 रु. वसूलने की इजाजत दे दी गई है। फिलहाल बैंकों को इसके लिए अधिकतम 20 रुपए तक चार्ज करने की अनुमति है।

इस फैसले का आप पर क्या होगा असर?
ग्राहकों को अब दूसरे बैंक के एटीएम से फ्री लिमिट के बाद पैसे निकालना महंगा पड़ेगा। हालांकि आरबीआई के मुताबिक, ग्राहक अपने बैंक के एटीएम से हर महीने फ्री वित्तीय या गैर-वित्तीय लेनदेन के लिए पात्र हैं। साथ ही वे अन्य बैंक के एटीएम से भी मेट्रो शहरों में 3 और गैर मेट्रो शहरों में 5 लेनदेन के लिए पात्र हैं। आरबीआई के मुताबिक मुफ्त लेनदेन के अलावा, ग्राहक शुल्क के नाम पर बैंक अधिकतम 20 रुपए वसूल सकते हैं। इसे नए साल से 1 रुपए बढ़ाने की अनुमति दी गई है।

किसी भी डिस्ट्रीब्यूटर से एलपीजी सिलेंडर भरवाने की मिलेगी सुविधा
सरकार ने रसोई गैस रीफिल की पोर्टेबिलिटी को मंजूरी दे दी है। यानी अब आप अपना एलपीजी सिलेंडर किसी भी डिस्ट्रीब्यूटर से रीफिल करवा सकेंगे। पायलट प्रोजेक्ट के तौर पर इसको चंडीगढ़, कोयंबटूर गुड़गांव, पुणे और रांची में लॉन्च किया जाएगा। 

पोर्टल पर मिलेगी डिस्ट्रीब्यूटर्स की लिस्ट 
जब ग्राहक एलपीजी रीफिल करने के लिए मोबाइल ऐप/कस्मटमर पोर्टल खोलेगा और लॉग-इन करेगा तो उसे डिलीवरी डिस्ट्रीब्यूटर्स की लिस्ट दिखाई देगी साथ उनकी परफॉर्मेंस के आधार पर रेटिंग भी होगी। जिससे ग्राहक को अच्छा डिस्ट्रीब्यूटर्स चुनने में मदद मिले। इससे डिस्ट्रीब्यूटर्स पर भी परफॉर्मेंस सुधारने का दबाव बनेगा।