नवरात्रि में देश के बड़े मंदिरों में माता के मास्क और डिस्टेंसिग के साथ दर्शन

 17 Oct 2020 04:40 PM  91

उज्जैन। नवरात्र शुरू हो चुके हैं। इन दिनों व्रत-उपवास रखने के साथ ही माता के मंदिरों में दर्शन करने की परंपरा है। देश भर में देवी जी के मंदिरों में इन दिनों हर साल बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचते हैं।  लेकिन इस साल कोरोना का कारण दर्शन के नियमों में बदलाव किए गए हैं। भक्तों को मंदिर में सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करना होता है। सभी के लिए मास्क लगाना जरूरी है। सिर्फ दर्शन करने की अनुमति है। मंदिर में प्रसाद चढ़ाना, पूजा करने पर रोक है। 

वैष्णो देवी में अब रोज 7 हजार भक्त कर सकेंगे दर्शन: 
नवरात्र को देखते हुए जम्मू-कश्मीर स्थित वैष्णोदेवी मंदिर में अब 7 हजार भक्त रोज दर्शन कर सकेंगे। यहां के लिए श्रद्धालुओं को मंदिर की वेबसाइट पर रजिस्ट्रेशन करना होगा। नवरात्रि के लिए मंदिर श्राइन बोर्ड ने मंदिर की आकर्षक सजावट की है। 
 
नैनादेवी मंदिर : नैना देवी मंदिर (हिमाचल प्रदेश) में भक्तों को 22 घंटे दर्शन कराने की व्यवस्था की गई है। मंदिर में पूजा-पाठ, हवन आदि कर्म नहीं किए जा सकेंगे। 

कालीघाट मंदिर : बंगाल के कोलकाता में कालीघाट मंदिर भी भक्तों के खुल चुका है। यहां भी दर्शनार्थियों को आसानी से दर्शन हो रहे हैं। मंदिर में पूजा-पाठ करने की अनुमति नहीं है। 
असम का कामाख्या मंदिर :
असम का कामाख्या मंदिर भक्तों के लिए खुल चुका है। लेकिन,भक्त मंदिर में सिर्फ परिक्रमा कर सकेंगे और मंदिर के बाहर पूजा कर सकते हैं। भक्त के लिए मंदिर के गर्भगृह में प्रवेश वर्जित रहेगा। 
छिन्नमस्तिका मंदिर : आॅनलाइन रजिस्ट्रेशन के बाद झारखंड में रामगढ़ के छिन्नमस्तिका मंदिर में भक्त दर्शन कर सकेंगे, लेकिन एक बार में सिर्फ 5 श्रद्धालु ही मंदिर में प्रवेश कर सकेंगे। 

हरसिद्धि मंदिर : उज्जैन के हरसिद्धि मंदिर में भक्त आसानी से माता के दर्शन कर रहे हैं। भक्तों को मंदिर के बाहर से ही देवी के दर्शन कराए जा रहे हैं। गर्भगृह में प्रवेश वर्जित है।