बजट: मध्य प्रदेश में 24,200 शिक्षकों की भर्ती होगी; केंद्रीय विद्यालय की तर्ज पर 9200 सीएम राइज स्कूल बनेंगे, प्राइवेट की तरह मिलेंगी सुविधाएं

 02 Mar 2021 11:22 AM

भोपाल। मध्य प्रदेश सरकार में वित्त मंत्री जगदीश देवड़ा ने वित्त वर्ष 2021-22 के बजट में शिक्षा और सरकारी नौकरी को लेकर बड़ा ऐलान किया है। बजट में उन्होंने घोषणा की कि 24,200 शिक्षकों की भर्तियां की जाएंगी। इसके लिए ड्राफ्टिंग की प्रक्रिया भी जल्द शुरू की जाएगी। इसके बाद इन पदों पर भर्तियों के लिए नोटिफिकेशन जारी कर दिया जाएगा। ये भर्तियां सीएम राइज स्कूलों में की जाएंगी। इस बजट में प्रदेश के जिलों में केंद्रीय विद्यालय की तर्ज पर 9200 नए सीएम राइज स्कूल खोलने का भी ऐलान किया गया है। हालांकि इसके लिए नोटिफिकेशन कब जारी किया जाएगा, इसको लेकर अभी जानकारी नहीं दी गई है।

राज्य सरकार प्रदेश के एक लाख दो हजार सरकारी स्कूलों को 'सीएम राइज' स्कूलों में मर्ज करेगा। इस समय प्रदेश में 350 सीएम राइज स्कूलों का निर्माण कार्य चल रहा है। हर बस्ती के 15 किलोमीटर के दायरे में एक सीएम राइज स्कूल खोला जाएगा। इन स्कूलों में प्री-नर्सरी से हायर सेकेंडरी तक की कक्षाएं संचालित की जाएंगी।

'सीएम राइज' स्कूलों में स्मार्ट क्लास, डिजिटल अटेंडेंस, अत्याधुनिक लैब्स, अलग-अलग खेलों के लिए इंफ्रास्ट्रक्चर, स्विमिंग पुल से लेकर अन्य सभी आधुनिक सुविधाएं मौजूद होंगी। यानी सीएम राइज स्कूलों में प्राइवेट की तरह सुविधाएं मिलेंगी। इन स्कूलों के छात्रों को आने और ले जाने के लिए बस सुविधा भी मुहैया कराई जाएगी। इसका भी बजट में ऐलान किया गया।

सीएम राइज स्कूल में ये सुविधाएं...

  • संकुल स्तर के स्कूलों में संकुल के नीचे की सभी सुविधाओं के अलावा बैंकिंग काउंटर, कैफेटेरिया, क्रिएटिव थिंकिंग एरिया, जिम और एनसीसी की सुविधा रहेगी।
  • ब्लॉक स्तरीय स्कूलों में संकुल स्कूलों की तमाम सुविधाओं के साथ आॅडिटोरियम और शिक्षकों के लिए आवास सुविधा भी रहेगी।
  • जिला स्तरीय स्कूलों में नीचे के तीनों स्तर की सुविधाओं के साथ स्वीमिंग पूल, डिजिटल स्टूडियो, ट्रेक और फील्ड की सुविधा दी जाएगी।
  • हिंदी-अंग्रेजी दोनों माध्यम में संचालित होने वाले ये स्कूल विश्वस्तरीय सुविधाओं (स्वीमिंग पूल, बैंकिंग काउंटर, डिजिटल स्टूडियो, कैफेटेरिया, जिम, थिंकिंग एरिया) से लैस होंगे। इनमें प्री-नर्सरी से हायर सेकंडरी की कक्षाएं संचालित होंगी।
  • प्रदेश में स्थित तीन हजार संकुल केंद्रों को क्षेत्र के पांच-पांच हजार स्कूलों की सूची भेजकर सीएम राइज के लिए तीन-तीन स्कूलों का चयन करने को कहा गया था। 
  • सरकार ने तीन साल (2023) में सभी स्कूल शुरू करने का लक्ष्य रखा है। नई नीति में 15-20 किमी के दायरे में आने वाले पुराने स्कूलों का मर्जर किया जाएगा।