सतना में यह क्या: करंट से झुलसे जिस युवक को डॉक्टर्स ने मृत घोषित किया, 2 घंटे बाद पोस्टमार्टम टेबल पर जिंदा निकला

 22 Nov 2020 05:59 PM

सतना। मध्य प्रदेश के सतना जिले में स्वास्थ्य विभाग की बड़ी लापरवाही सामने आई है। यहां करंट से झुलसे युवक को डॉक्टर्स ने मृत घोषित करके पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया। 2 घंटे बाद जैसे ही पीएम के लिए ले जाया गया तो युवक जिंदा निकला। घटना के बाद डॉक्टर्स के पैरों तले जमीन खिसक गई। विभागीय जांच के आदेश दिए गए हैं। घटना के बाद गुस्साए ग्रामीणों ने प्रदर्शन किया।

मामला नागौद के सरकारी अस्पताल का है। यहां चंद्रकुइयां गांव में बच्चू कुशवाह (45) सब्जी का थोक व्यापारी है। शनिवार को घर में अखंड रामायण का पाठ कराया। दूसरे दिन यानी रविवार को भंडारे का आयोजन था। कुछ लोग गांव में मंदिर पर झंडा चढ़ाने जा रहे थे। इसी दौरान बच्चू कुशवाह को करंट लग गया। बेहोशी की हालत में सुबह करीब 9 बजे नागौद के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। पुलिस को भी सूचना दी गई। पोस्टमार्टम की प्रक्रिया शुरू की गई। करीब 2 घंटे बाद यानी 11 बजे पीएम रूम में ले जाया गया। यहां डॉक्टर ने प्रक्रिया शुरू की ही थी कि बच्चू के शरीर में हलचल होने लगी। यह देख डॉक्टर के होश उड़ गए। बच्चू की सांसें चल रही थीं। तुरंत पोस्टमार्टम रोका गया। घटना की जानकारी पुलिस को दी गई और डॉक्टरों ने फिर उसे सतना जिला अस्पताल रैफर कर दिया।

घटना के बाद लोगों का गुस्सा अस्पताल प्रबंधन पर फूटा। वे बच्चू को जिंदा पाकर खुश तो हैं लेकिन डॉक्टरों पर लापरवाही का आरोप लगा रहे हैं। उनका कहना है कि पीएम हाउस में सावधानी नहीं बरती जाती तो जिंदा आदमी का पोस्टमार्टम हो जाता। ग्रामीणों ने सड़कर पर जाम लगाकर प्रदर्शन किया। जिम्मेदार डॉक्टर ने बचने के लिए खुद को कमरे में बंद कर लिया।