वॉट्सएप की प्राइवेट पॉलिसी स्वीकार करने की डेडलाइन खत्म, एक्सेप्ट नहीं करने वाले यूजर्स पर लगाए जाएंगे यह प्रतिबंध

 16 May 2021 11:04 AM

नई दिल्ली। मैसेजिंग ऐप वॉट्सएप का लगभग हर मोबाइल यूजर प्रयोग करता है। चैट, वीडियो कॉल, ऑडियो कॉल, से लेकर इमेज, वीडियो, वॉइस मैसेज सेंड करने के लिए इसका खूब यूज किया जाता है। कुछ महीने पहले वॉट्सएप एक प्राइवेट पॉलिसी लाया था, जिसे स्वीकार नहीं करने पर अकाउंट डिलीट हो जाता। लोगों के विरोध को देखते हुए मैसेजिंग एप ने इसकी डेडलाइन बढ़ा दी थी। 


शनिवार को वॉट्सएप की प्राइवेट पॉलिसी स्वीकार करने के डेटलाइन खत्म हो चुकी है। अब कंपनी अपनी यह पॉलिसी स्वीकार नहीं करने वाले यूजर्स का अकाउंट सीधा डिलीट नहीं करते हुए उन पर सीमित प्रतिबंध लगाकर दबाव बनाएगी। सबसे पहले ऐसे यूजर्स की अपने वॉट्सएप अकाउंट के जरिए ऑडियो या वीडियो कॉल करने या लेने की सुविधा बंद कर दी जाएगी।


वॉट्सएप की नई निजता नीति के खिलाफ भारत में हाईकोर्ट से लेकर सुप्रीम कोर्ट तक में सुनवाई चल रही है। साथ ही भारतीय प्रतिस्पर्द्धा आयोग भी नीति की विस्तृत जांच के आदेश दे चुका है। जर्मनी ने भी 2 दिन पहले ही अपने यहां नई नीति को स्थगित करने का आदेश दिया है। इसके बावजूद कंपनी अपना रुख बदलने को तैयार नहीं दिख। हालांकि भारतीय अदालतों व एजेंसियों के सख्त रुख को देखकर उसने अब यूजर्स का अकाउंट सीधा डिलीट करने के बजाय धीरे-धीरे सेवाएं बंद करते हुए दबाव बनाने का तरीका अपनाया है। भारत में वॉट्सएप के 53 करोड़ से ज्यादा यूजर हैं।


वॉट्सएप ने शनिवार को दिल्ली हाईकोर्ट में अपनी नई निजता नीति का बचाव किया। कंपनी ने कहा कि वह अपनी नई नीति को मानने के लिए किसी ग्राहक पर दबाव नहीं बना रहा। कानूनी रूप से वह किसी ग्राहक को अपनी सेवा देने के लिए बाध्य नहीं है। ग्राहक चाहे तो उसका प्लेटफार्म छोड़ सकता है। उसकी नीति किसी व्यक्ति के निजी मामलों पर असर नहीं डालेगी।