संपत्तिकर वसूली में टारगेट से 10.24 करोड़ पीछे रहा निगम

Corporation loses 10.24 crore from target in asset recovery

संपत्तिकर वसूली में टारगेट से 10.24 करोड़ पीछे रहा निगम

ग्वालियर कोरोना संक्रमण के दौरान बीते वित्तीय वर्ष में संपत्तिकर वसूली न हो पाने के चलते निगम टारगेट पूर्ति से पिछड़ गया है। यहीं कारण है कि संपत्तिकर तय टारगेट 65 करोड़ की जगह मात्र 54.76 करोड़ राशि मिलने पर 10.24 करोड़ नहीं मिल पाई है, तो अधिकतम वसूली वाले संपत्तियों तक पहुंचने के क्रम में निगम 5 हजार भवनों तक नहीं पहुंच पाया। हालांकि आकड़े देखने पर बीते वित्तीय वर्ष 2018-19 में मिले संपत्तिकर से बीते वर्ष में वसूली 9.21 करोड़ ज्यादा हुई है। बीते वित्तीय वर्ष 2019-20 के अप्रैल माह के शुरू होते ही निगमायुक्त संदीप माकिन ने संपत्तिकर विभाग को बीते वित्तीय वर्ष 2018-19 के शेष 6 करोड़ राशि वसूलने का अतिरिक्त समय दिया था। लेकिन टैक्स देने वाली 1.07 लाख संपत्तियों में से शेष रही 24 हजार संपत्तियों के अलावा 5 हजार सरकारी बिल्डिंगों से 6 करोड़ की टैक्स वसूलकर निगम कोष में 30 अप्रैल तक जमा कराने की हिदायत दी थी। जिसके बाद भागमभाग स्थिति बनने पर निगम संपत्तिकर विभाग 30 अप्रैल तक मात्र 4.48 करोड़ की राशि ही वसूल कर पाया था और बीते वित्तीय वर्ष में भी निगम अमले द्वारा जनता कर्फ्यू लगने तक मात्र 54.21 करोड़ पर अटक गया था और 31 मार्च तक इस राशि में लगभग 55 लाख की राशि के चेक व वसूली होने पर मात्र 54.76 करोड़ की राशि ही वसूल हो पाई है, जो तय बीते वित्तीय वर्ष के तय टारगेट से लगभग 10.24 करोड़ कम होकर पीछे है।

बीते वर्ष से मिले है 9.21 करोड़ ज्यादा

निगम को वित्तीय वर्ष 2016-17 में 50.49 करोड़, तो वित्तीय वर्ष 2017-18 में लगभग 54 करोड़ का संपत्तिकर राजस्व के रूप में मिला था। लेकिन बीते वित्तीय वर्ष में 2018-19 में 60 करोड़ के टारगेट को एवज में मार्च 2019 तक निगम को 45.55 करोड़ व अप्रैल 2019 के अतिरिक्त वसूली में 50.55 करोड़ का ही राजस्व मिला था। जो बीते वित्तीय वर्ष से 9.21 करोड़ कम था।