1 अप्रैल से हटना थे डीजल टेंपो, हालात सामान्य होने पर मोहलत दी जाएगी

Diesel tempo was to be removed from April 1, deferment will be given if the situation is normal

1 अप्रैल से हटना थे डीजल टेंपो, हालात सामान्य होने पर मोहलत दी जाएगी

ग्वालियर शहर की फिजा में जहर घोलने का काम कर रहे डीजल टेंपो 1 अप्रैल से हटना थे, लेकिन कोरोना वायरस के चलते शहरी परिवहन में लगे टेंपो, आॅटो रिक्शा, ई-रिक्शा और सिटी बस बंद हैं। परिवहन विभाग हालात सामान्य होने पर टेंपो हटाने के लिए मोहलत देने पर विचार कर रहा है। क्षेत्रीय परिवहन अधिकारी एमपी सिंह ने डीजल से चलने वाले टेंपो 1 अप्रैल से हटाने के आदेश दिए थे। अभी तक 125 टेंपो बचे हैं, ज्यादातर टेंपो चालकों ने अपने टेंपो सीएनजी टेंपो में कन्वर्ट करा लिए हैं। कोरोना वायरस के कारण शहरी परिवहन बंद है, इसलिए यातायात पुलिस टेंपो को हटाने की कार्रवाई नहीं कर सकती है, इसलिए स्थिति सामान्य होने के बाद टेंपो को हटाने की कार्रवाई शुरू की जा सकती है। टेंपो हटने के बाद ई-रिक्शा और सिटी बसें ही चलेंगी। टेंपो के कारण बसों को सवारी नहीं मिलती और जाम की स्थिति भी बनती है। बता दें कि विधायकों से ई-रिक्शा के रूट तय करने के लिए सुझाव नहीं मिलने के कारण अभी तक रूट तय नहीं हो पाए हैं। 10 साल पुराने लोडिंग आॅटो को हटाने की कार्रवाई की जाएगी समिति की बैठक में 10 साल पुराने लोडिंग आॅटो को हटाने का निर्णय लिया गया था, लेकिन यातायात पुलिस ने परिवहन कार्यालय से आदेश नहीं मिलने पर आॅटो को हटाने की कार्रवाई शुरू नहीं की। परिवहन कार्यालय हालात सामान्य होने पर लोडिंग आॅटो को हटाने के लिए आदेश यातायात पुलिस को जारी किया जाएगा। डीजल से चलने वाले टेंपो की संख्या 125 हैं, जिन्हें 1 अप्रैल से हटना था, लेकिन कोरोना वायरस से स्थिति सामान्य होने पर टेंपो हटाने के लिए कुछ मोहलत और दी जाएगी।