सूक्ष्मजीव विज्ञान अध्ययनशाला में आॅनलाइन हुआ पीएचडी वायवा

 23 Jun 2020 12:38 AM  6

ग्वालियर। जीवाजी विवि की सूक्ष्मजीव विज्ञान अध्ययनशाला द्वारा सोमवार को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से पीएचडी वायवा और पॉवर प्वॉइंट प्रजेंटेशन कराया गया। इस आॅनलाइन प्रजेंटेशन के द्वारा वानस्पतिक अध्ययनशाल के विभागाध्यक्ष प्रो. महेंद्र कुमार गुप्ता की छात्रा रचना सिंह ने अपने शोध का वर्णन पॉवर प्वॉइंट प्रजेंटेशन के माध्यम से दिया। इसमें शोधार्थी ने किए गए अनुसंधान, जिसमें मुख्य रूप से पर्यावरण में मौजूद क्रोमियम व अन्य भारी धातुओं के प्रदूषण को नोबेल सूक्ष्मजीव द्वारा सफलता पूर्वक नियंत्रित किए जाने की जानकारी दी। आॅनलाइन वायवा में बाह्य परीक्षक के तौर पर जालमा इंस्टीट्यूट आगरा से डॉ. केके मोहंती रहीं। डॉ. मोहंती ने शोधार्थी से कई तरह के प्रश्न किए और कुलपति प्रो. संगीता शुक्ला का धन्यवाद करते हुए कहा कि इस कठिन दौर में भी विवि द्वारा टेक्नोलॉजी का सही उपयोग करते हुए छात्र हित में काम किया जा रहा है। इस अवसर पर विभागाध्यक्ष प्रो. अविनाश तिवारी, प्रो. अशोक जैन, डॉ. सुशील मंडेरिया, डॉ. सपन पटेल, प्रो. डीसी गुप्ता, प्रो. केके कौल और प्रो. आरएम अग्रवाल, रिसर्च स्कॉलर और एमएससी के लगभग 45 छात्र- छात्राएं आॅनलाइन शामिल हुए।