उम्मीदों पर खरे नहीं उतर पाए रामेश्वर, एक माह ट्रेनिंग के बाद फिर टेस्ट

उम्मीदों पर खरे नहीं उतर पाए रामेश्वर, एक माह ट्रेनिंग के बाद फिर टेस्ट

भोपाल। बीते दिनों 100 मीटर की रेस करीब 11 सेकंड में पूरी करके देशभर में चर्चा का केंद्र बने शिवपुरी के रहने वाले रामेश्वर गुर्जर भारतीय खेल प्राधिकरण (साई) और मप्र खेल विभाग के कोचों द्वारा लिए गए ट्रॉयल्स में उम्मीदों के पर खरे नहीं उतर सके। वे अपने ही श्रेष्ठ प्रदर्शन से करीब 1.90 सेकंड पीछे रह गए। बीते दिनों 24 साल के गुर्जर का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था, जिसमें वह 100 मीटर की रेस करीब 11 सेकंड में पूरी करते हुए दिखे थे। उन्होंने सोमवार को जूते पहनकर ट्रेक पर फरार्टा दौड़ में शिरकत की जो उन्हें रास नहीं आई। उन्होंने कहा कि वे छोटे से गांव से हैं और वे कच्चे मैदानों पर नंगे पैर दौड़ते रहे हैं। अभी उन्हें टेÑक पर स्पाइस जुते पहनकर दौड़ने का अनुभव नहीं है। उन्होंने बताया कि पिछले दिनों की लंबी थकान के कारण उनके कमर में भी काफी दर्द है। वे मांसपेशियों में भी खिचाव महसूस कर रहे हैं। मप्र एथलेटिक्स एसोसिएशन के सचिव मुमताज खान ने कहा कि रामेश्वर जैसे खिलाड़ियों का स्वागत है। उन्हें अपनी प्रतिभा का दिखाने का पूरा मौका मिलना चाहिए। आगामी प्रतियोगिताओं में उन्हें पार्टिसिपेशन जरूर करना चाहिए। मप्र से कई प्रतिभाओं को इन्ही प्रकार की सुविधाएं देकर निखारा जा सकता है।