घटिया सोना बैंक में रखकर लोन लेने वाले तथा ज्वेलर्स के विरूद्ध FIR

घटिया सोना बैंक में रखकर लोन लेने वाले तथा ज्वेलर्स के विरूद्ध FIR

जबलपुर । ओमती पुलिस ने घटिया सोना बैंक में गिरवी रखकर लोन लेने वाले तथा शुद्धता का प्रमाण पत्र देने वाले ज्वेलर्स के खिलाफ एफआईआर दर्ज की है। मामले में 1 करोड़ 4 लाख 69 हजार रुपए की धोखाधड़ी पाए जाने पर 24 लोगों को आरोपी बनाया गया है। ओमती टीआई एसपीएस बघेल के अनुसार भारतीय स्टेट बैंक विजयनगर के क्षेत्रीय प्रबंधक द्वारा लिखित शिकायत में बताया गया कि विभिन्न शाखाओं से स्वर्ण आभूषणों के विरूद्ध ऋण हासिल किए किए गए हैं। मामले में अधिकृत ज्वेलर्स रूपाली एसेयर्स एंड हॉलमार्क ने कम शुद्धता के बावजूद पर्याप्त शुद्धता का प्रमाण पत्र प्रदान किया है। लोन की किश्तें नियमित नहीं अदायगी होने पर खाते एनपीए हो गए हैं। आभूषणों को नीलाम कराने के लिए जब फे्रश वेल्यूएशन कराया गया तो शुद्धता काफी कम पाई गई।

ये हैं 24 आरोपी

1 नवंबर 2012 से लेकर 3 अक्टूबर 2014 के बीच सर्टिफिकेट जारी करने वाले रूपाली एसेयर्स एंड हॉलमार्क नेपियर टाउन के प्रोप्राइटर अनुराग पाल, छोटू ठाकुर, दीपक सराफ, राकेश कोष्टा, सरजू पटेल, विकास कुमार जौहरी, संध्या खटीक, भैया लाल, भोलेनाथ गुप्ता, अंगूरी कथोरिया, लोकेश गढ़ेवाल, नवीन चंद सोनी, सीमान्त रैकवार, योगेन्द्र उमाटे, राजकुमार अष्टाणकर, राजीव गोस्वामी, संदीप पाठक, चंन्द्रहास खटीक, रीना पटैरिया, विजय सुहाने, आकाश दीप साहू, अमित कुमार कोरी, अनिल कुमार पटैल तथा भगवत सिंह द्वारा संगठित अपराध करने पर धारा 420 तथा 120बी भादंवि के तहत आरोपी बनाया गया है।

इन शाखाओं से लिया ऋण

पुलिस ने जाँच में पाया कि एसबीआई की ब्रांच गोरखपुर, गढ़ा, अधारताल, जबलपुर सिटी, कृषि उपज मंडी, कटंगा, मढ़ाताल ओमती, मिलौनीगंज, शक्ति नगर, तथा जवाहरगंज में सोना बंधक रखा गया है। ऐसे 59 लोन खाते पाए गए, जिनमें कम शुद्धता का गोल्ड पर्याप्त शुद्धता का बताते हुए रूपाली एसेयर्स ने सर्टिफिकेट जारी किए हैं।